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मकर संक्रांति और लोहड़ी: शुभ समय में बढ़ाएं खुशियों और समृद्धि का जश्न!

मकर संक्रांति 14 जनवरी को पूरे देश में उत्साह और श्रद्धा के साथ मनाई जाएगी। यह पर्व सूर्य के मकर राशि में प्रवेश करने के दिन आता है और इसे जीवन में सुख, समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा लाने वाला माना जाता है। इस दिन के महत्व को देखते हुए लोग विशेष पूजा, दान और धार्मिक अनुष्ठान करते हैं।

विशेष रूप से इस दिन दोपहर 3:13 बजे से शाम 5:45 बजे तक का समय पुण्यकाल के रूप में जाना जाता है। यह समय दान करने, स्नान करने और शुभ कार्य करने के लिए बेहद शुभ माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस समय किए गए काम का फल कई गुना मिलता है।

मकर संक्रांति के साथ ही आज लोहड़ी का त्योहार भी मनाया जाता है। लोहड़ी का पर्व खासतौर पर पंजाब और उत्तर भारत के कई राज्यों में बड़े उत्साह से मनाया जाता है। यह पर्व खेतों की पैदावार, खुशहाली और परिवार में प्रेम बढ़ाने का प्रतीक है।

लोहड़ी के लिए शुभ समय शाम 5:43 बजे से 7:15 बजे तक है। इस समय घर में दीपक और आग जलाकर लोहड़ी मनाने से घर में सुख, समृद्धि और सकारात्मक ऊर्जा बढ़ती है। लोग इस अवसर पर तिल, गुड़ और मूंगफली से बने लोहड़ी के पकवान बनाते हैं और एक-दूसरे को बधाई देते हैं।

इस दिन के धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व के कारण परिवार और समाज में मिलकर इस त्योहार को मनाना बेहद खास माना जाता है। बच्चे, बूढ़े, और युवा सभी इस पर्व में शामिल होते हैं, और इसे यादगार बनाने के लिए लोग परंपरागत गीत और नृत्य का आनंद लेते हैं।

मकर संक्रांति और लोहड़ी का संयोजन हमें यह याद दिलाता है कि खुशियाँ और प्यार भरे पल साझा करने से और भी बढ़ जाते हैं। यह पर्व जीवन में नई ऊर्जा और उमंग भरने का अवसर है।

विशेषज्ञों का कहना है कि इस दिन किए गए दान, पूजा और शुभ कार्य का असर पूरे वर्ष चलता है। इसलिए यह पर्व केवल त्योहार नहीं, बल्कि जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने का एक मौका भी है।

सरल शब्दों में कहें तो मकर संक्रांति और लोहड़ी का यह समय केवल धार्मिक दृष्टि से ही नहीं, बल्कि सामाजिक और पारिवारिक दृष्टि से भी बेहद महत्वपूर्ण है। यह त्योहार हमें अपने परिवार और समाज के साथ खुशियाँ साझा करने की प्रेरणा देता है।

कुल मिलाकर, 14 जनवरी का यह दिन पुण्य और खुशी दोनों का प्रतीक है। शुभ समय में किए गए कार्य और उत्सव घर में सुख, समृद्धि और प्यार बढ़ाने में मदद करते हैं। इसे यादगार बनाना न भूलें और अपने जीवन में खुशियों के इन पलों का पूरा आनंद लें।

written by :- Anjali Mishra

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