राज्य कर्मचारियों के महंगाई भत्ते में दो फीसदी की बढ़ोतरी, 1 जनवरी 2025 से होगा लागू, 16 लाख कर्मचारियों को लाभ
प्रदेश सरकार ने राज्य कर्मचारियों के महंगाई भत्ते (DA) में दो फीसदी की वृद्धि कर दी है। वर्तमान में 53 फीसदी की दर से दिए जा रहे महंगाई भत्ते को बढ़ाकर 55 फीसदी कर दिया गया है। इस संबंध में शासनादेश बुधवार को जारी हो गया। यह निर्णय 1 जनवरी 2025 से प्रभावी होगा और इससे लगभग 16 लाख कर्मचारियों को लाभ मिलेगा।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य कर्मचारियों को बधाई देते हुए कहा कि “कर्मचारियों के हितों का संरक्षण हमारी शीर्ष प्राथमिकता है।”
राज्य सरकार के खजाने पर इस निर्णय से मई में एरियर के रूप में 193 करोड़ रुपये का अतिरिक्त भार पड़ेगा। पुरानी पेंशन योजना (OPS) के तहत आने वाले कार्मिकों के भविष्य निधि (GPF) में 129 करोड़ रुपये जमा होंगे, जबकि जून 2025 से हर महीने 107 करोड़ रुपये का अतिरिक्त व्यय भार आएगा।
गौरतलब है कि भारत सरकार ने सातवें वेतन आयोग के तहत एक जनवरी 2025 से मूल वेतन का 55 फीसदी महंगाई भत्ता देने की घोषणा की थी। प्रदेश सरकार केंद्र सरकार की तिथि के अनुसार ही अपने कर्मचारियों को DA का भुगतान करती है। इस निर्णय से राज्य सरकार के नियमित कर्मचारी, सहायता प्राप्त शिक्षण और तकनीकी संस्थाओं के कार्मिक, शहरी निकायों के नियमित व पूर्णकालिक कर्मचारी, कार्यप्रभारित कर्मचारी और यूजीसी वेतनमान के अंतर्गत आने वाले कर्मचारी लाभान्वित होंगे।
महंगाई भत्ते का नकद भुगतान एक अप्रैल 2025 से नियमित वेतन के साथ किया जाएगा। जबकि 1 जनवरी से 31 मार्च 2025 तक की देय राशि कर्मचारियों के भविष्य निधि खातों में जमा की जाएगी। इस राशि पर आयकर व सरचार्ज की कटौती की जाएगी और इसे एक अप्रैल 2026 से पहले नहीं निकाला जा सकेगा। जो कार्मिक GPF के सदस्य नहीं हैं, उनके लिए यह राशि PPF या NSC में जमा कराई जाएगी।
राष्ट्रीय पेंशन योजना (NPS) से जुड़े कर्मचारियों के लिए 1 जनवरी से 31 मार्च 2025 तक की DA राशि का 10 प्रतिशत उनके टियर-1 पेंशन खाते में जमा होगा, जबकि राज्य सरकार 14 प्रतिशत अंशदान देगी। शेष 90 प्रतिशत राशि कर्मचारियों के PPF या NSC में जमा कराई जाएगी।
