अमेरिका में स्थायी निवास यानी ग्रीन कार्ड से जुड़े नए नियमों ने लाखों विदेशी नागरिकों के बीच चिंता बढ़ा दी है। हालिया बदलावों के बाद अब ग्रीन कार्ड प्रक्रिया पहले की तुलना में अधिक सख्त और जटिल होती दिख रही है। इन नए प्रावधानों का असर खासकर अंतरराष्ट्रीय छात्रों, H-1B वीजा धारकों और लंबे समय से अमेरिका में काम कर रहे प्रवासियों पर पड़ने की आशंका जताई जा रही है।
इन बदलावों के अनुसार कई मामलों में आवेदकों को प्रक्रिया आगे बढ़ाने से पहले अमेरिका छोड़कर अपने देश से आवेदन करना पड़ सकता है। इस कदम को इमिग्रेशन सिस्टम को अधिक सख्त और नियंत्रित बनाने की दिशा में उठाया गया कदम बताया जा रहा है। इससे आवेदन प्रक्रिया लंबी और चुनौतीपूर्ण हो सकती है।
सबसे ज्यादा असर भारतीय प्रवासियों पर पड़ने की बात कही जा रही है, क्योंकि अमेरिका में ग्रीन कार्ड पाने वाले लोगों में भारतीयों की संख्या काफी अधिक रहती है। खासकर टेक सेक्टर में काम करने वाले भारतीय पेशेवर और छात्र इस बदलाव से सीधे प्रभावित हो सकते हैं।
H-1B वीजा पर काम कर रहे लोगों के लिए यह बदलाव विशेष रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि कई लोग लंबे समय तक नौकरी और स्थायी निवास के लिए इसी प्रक्रिया पर निर्भर रहते हैं। नए नियमों के बाद उनकी योजना और समयसीमा दोनों प्रभावित हो सकती हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिका में इमिग्रेशन सिस्टम को लेकर पहले से ही काफी सख्ती बढ़ रही है और यह नया बदलाव उसी दिशा का हिस्सा है। इससे आवेदन प्रक्रिया में जांच और दस्तावेज़ों की समीक्षा और गहरी हो सकती है।
अंतरराष्ट्रीय छात्रों के लिए भी यह स्थिति चुनौतीपूर्ण मानी जा रही है, क्योंकि पढ़ाई पूरी करने के बाद कई छात्र अमेरिका में नौकरी और स्थायी निवास की दिशा में आगे बढ़ते हैं। अब इस रास्ते में अतिरिक्त प्रक्रियात्मक बाधाएं आ सकती हैं।
भारतीय समुदाय पर इसका प्रभाव इसलिए भी अधिक माना जा रहा है क्योंकि अमेरिका में तकनीकी और पेशेवर क्षेत्रों में भारतीयों की मजबूत उपस्थिति है। लंबे समय से बड़ी संख्या में भारतीय ग्रीन कार्ड की प्रक्रिया में शामिल रहे हैं।
फिलहाल यह बदलाव अमेरिकी इमिग्रेशन नीति में एक बड़े सख्त रुख के संकेत के रूप में देखा जा रहा है। आने वाले समय में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि यह नियम व्यावहारिक रूप से कितना लागू होता है और इससे प्रवासियों की योजनाओं पर कितना असर पड़ता है।
written by:- Anjali Mishra
( देश और दुनिया की खबरों के लिए हमें फेसबुक पर ज्वॉइन करें, आप हमें ट्विटर पर भी फॉलो कर सकते हैं. )
