बिहार की राजनीति में एक दिलचस्प पल उस वक्त देखने को मिला जब लंबे अरसे बाद केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव आमने-सामने आ गए। एक दूसरे पर ‘जुबानी बाण’ चलाने वाले दोनों नेताओं की आंखे एक दूसरे से मिली तो दोनों मुस्कुराए। फिर तेजस्वी ने चिराग पासवान को गले लगाया और हालचाल लिया। चंद सेकंड की इस मुलाकात ने बिहार की राजनीति में हलचल मचा दी।
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बिहार में इस साल के अंत में विधानसभा चुनाव होने हैं और राजनीतिक हलचलें तेज़ हो चुकी हैं। ऐसे माहौल में तेजस्वी यादव और चिराग पासवान की यह आकस्मिक मुलाकात केवल एक संयोग है या इसके पीछे कोई संभावित राजनीतिक समीकरण बनने की संभावना है यह तो आने वाला वक्त ही बताएगा। लेकिन इस मुलाकात ने निश्चित रूप से सियासी गलियारों में चर्चाओं का बाजार गर्म कर दिया है। चिराग पासवान और तेजस्वी यादव की मुलाकात को कई तरह से देखा जा सकता है। यह एक शिष्टाचार मुलाकात हो सकती है, लेकिन बिहार की राजनीति में इसकी अहमियत को नकारा नहीं जा सकता। आगामी विधानसभा चुनावों के मद्देनजर यह मुलाकात कई संभावनाओं को जन्म दे रही है। आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि दोनों नेताओं के बीच की यह दोस्ती राजनीतिक गठबंधन में तब्दील होती है या नहीं।
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