मुख्यमंत्री के आईजीआरएस पोर्टल पर दर्ज की जाने वाली जनशिकायतों के निस्तारण में लापरवाही अब लखनऊ नगर निगम के लिए गंभीर मुद्दा बन गई है। नागरिकों की शिकायतें समय पर न सुलझने की वजह से प्रशासन की छवि प्रभावित हो रही है और जनता में असंतोष बढ़ता जा रहा है। इस स्थिति को गंभीरता से लेते हुए नगर निगम प्रशासन ने तुरंत एक्शन मोड में आकर कार्रवाई शुरू कर दी है।
अपर नगर आयुक्त पंकज श्रीवास्तव ने इस मामले में सभी जिम्मेदार अधिकारियों की कार्यप्रणाली की समीक्षा की और सात अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया। यह कार्रवाई नगर आयुक्त के स्पष्ट निर्देश पर हुई, जो यह सुनिश्चित करना चाहते हैं कि आईजीआरएस पोर्टल पर शिकायतों का निस्तारण समयबद्ध और प्रभावी ढंग से हो।
नगर निगम ने साफ किया है कि नोटिस प्राप्त करने वाले अधिकारियों को अपने कामकाज और लापरवाही के कारण स्पष्ट रूप से जवाब देना होगा। यह कदम न सिर्फ अनुशासन बनाए रखने के लिए है, बल्कि जनता को यह विश्वास दिलाने के लिए भी है कि उनकी शिकायतें प्रशासन के लिए महत्वपूर्ण हैं।
जिम्मेदार अधिकारियों को चेतावनी दी गई है कि अगर उनके कामकाज में सुधार नहीं हुआ, तो उनके खिलाफ आगे सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। यह संदेश पूरे विभाग के कर्मचारियों के लिए भी एक गंभीर चेतावनी है कि जनता की शिकायतों को हल करना प्राथमिकता होनी चाहिए।
अधिकारियों की लापरवाही के कारण आईजीआरएस पोर्टल पर दर्ज शिकायतों का निस्तारण अक्सर विलंबित हो जाता है। इससे नागरिकों में शिकायतों को लेकर निराशा और प्रशासन के प्रति अविश्वास बढ़ता है। नगर निगम का यह कदम इस स्थिति को सुधारने और प्रशासनिक जिम्मेदारी को सशक्त करने की दिशा में लिया गया है।
विशेषज्ञ मानते हैं कि डिजिटल पोर्टल के माध्यम से शिकायत निस्तारण की प्रक्रिया को प्रभावी बनाने के लिए अधिकारियों की जिम्मेदारी और जवाबदेही सबसे महत्वपूर्ण है। समय पर कार्रवाई न होने पर न केवल नागरिकों का नुकसान होता है, बल्कि शासन की कार्यकुशलता भी सवालों के घेरे में आ जाती है।
नगर आयुक्त ने अधिकारियों से कहा है कि उन्हें न सिर्फ शिकायतों का त्वरित समाधान करना होगा, बल्कि उनकी गुणवत्ता और जवाबदेही पर भी ध्यान देना होगा। यह प्रशासन की जनता के प्रति जवाबदेही और पारदर्शिता की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
इस कार्रवाई से पूरे नगर निगम में चेतना और अनुशासन की हवा चली है। अधिकारी अब अधिक सतर्क और जिम्मेदार बनकर काम कर रहे हैं, ताकि भविष्य में इस तरह की लापरवाही न दोहराई जाए और जनता की शिकायतों का समाधान समय पर हो सके।
कुल मिलाकर, आईजीआरएस पोर्टल पर शिकायत निस्तारण में हुई लापरवाही ने नगर निगम प्रशासन को सक्रिय कदम उठाने पर मजबूर कर दिया है। सात अधिकारियों को नोटिस और चेतावनी जारी करके नगर आयुक्त ने स्पष्ट संदेश दे दिया है कि जनता की शिकायतों का समय पर समाधान प्रशासन की प्राथमिकता है और लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
written by :- Anjali Mishra
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